प्रदेश भर में कोराना संक्रमण की रोकथाम एवं उपचार गतिविधियों के अलावा मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं पर भी विशेष ध्यान
कोविड-19 महामारी के कारण पैदा हुई स्थितियों में राजस्थान स्वास्थ्य सुविधाओं के मामले में देशभर में 'मॉडल स्टेट' के रूप में उभरा है। एक ओर जहां प्रदेश में अधिक संख्या में जांचें हो रही हैं, वहीं संक्रमित लोगों का आंकड़ा अन्य बड़े राज्यों के मुकाबले तुलनात्मक रूप से कम है। मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत के निर्देश पर प्रदेश में मुस्तैद क्वारेंटाइन व्यवस्था के चलते प्रदेश में कोरोना संक्रमण की स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। यहां मरीजों के दुगुना होने का समय राष्ट्रीय औसत से बेहतर है और मृत्युदर भी राष्ट्रीय औसत के मुकाबले कम है।
मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं पर भी विशेष ध्यान
मुख्यमंत्री श्री अशोक गहलोत ने लॉकडाउन के दौरान ही निर्देश दिए थे कि गर्भवती महिलाओं की जांच एवं टीकाकरण का कार्य कोविड-19 की वजह से बाधित नहीं होना चाहिए। साथ ही अन्य बीमारियों के लिए आमजन को परेशान न होना पड़े, इसके लिए भी मुख्यमंत्री ने विशेष व्यवस्थाएं करने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री के निर्देशों की पालना में प्रदेश भर में कोराना संक्रमण की रोकथाम एवं उपचार गतिविधियों के अलावा मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य पोषण दिवस आयोजित कर प्रसूताओं एवं बच्चों को टीकाकरण सहित विभिन्न स्वास्थ्य सेवाएं सुचारू रूप से प्रदान की जा रही हैं। इस दौरान गर्भवती महिलाओं की प्रसव पूर्व जांच यथा हिमोग्लोबिन जांच, वजन, मूत्र, मधुमेह, लम्बाई, रक्तचाप की जांच की और आवश्यक परामर्श भी दिया जा रहा है।
550 मोबाइल वैन दे रही हैं चिकित्सा परामर्शमुख्यमंत्री के विशेष निर्देश पर प्रदेश भर में 550 मोबाइल ओपीडी वैन भी चलाई जा रही हैं, जिनके माध्यम से ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के लोग सामान्य बीमारियों के लिए चिकित्सा परामर्श ले रहे हैं। इन सेवाओं से प्रदेशभर में लाखों लोग लाभान्वित हो चुके हैं। इसके अलावा ई-संजीवनी पोर्टल पर भी विशेषज्ञ चिकित्सक प्रदेशवासियों को नि:शुल्क आॅनलाइन परामर्श दे रहे हैं।
एसएमएस और जयपुरिया अस्पताल हुए कोविड फ्रीआमजन को कोविड-19 के अतिरिक्त दूसरी बीमारियों के इलाज के लिए परेशान न होना पड़े, इसके लिए राज्य सरकार विशेष इंतजाम कर रही है। राज्य सरकार ने जयपुर के सवाई मानसिंह अस्पताल और जयपुरिया अस्पताल को कोविड फ्री घोषित किया है और आरयूएचएस में कोविड-19 से जुड़ी सभी तरह की चिकित्सा सुविधाओं को सुदृढ़ किया है। इसी का परिणाम है कि प्रदेश भर में कोराना संक्रमण की रोकथाम एवं उपचार गतिविधियों के अलावा दूसरी बीमारियों के मरीजों के लिए भी सुविधाओं में किसी तरह की कसर नहीं रखी जा रही है।

माननीय मुख्यमंत्री जी की दूरदर्शिता का ही परिणाम है कि राजस्थान की स्थिति आज और राज्यों के मुकाबले बहुत अच्छी है यहां पर रिकवरी रेट भी और राज्यों के मुकाबले बहुत अच्छी है,राज्य की जनता को अपने आप पर बहुत गर्व होता है कि उन्होंने इतना अच्छा मुख्यमंत्री चुना है l
ReplyDeleteगहलोत साहब के दूरदर्शी परिणामों की वजह से आज राजस्थान भारत में करुनास की लड़ाई में विजेता के रूप में उभर रहा है हम धन्य है हमारे लोकप्रिय जननायक अशोक जी गहलोत साहब तथा उनकी समस्त टीम का जो इसमें भागीदार है। राजस्थान सही हाथो में है। राजस्थान सतर्क है।
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ReplyDeleteलाॅकडाउन के दौरान देश में कोरोना वायरस की महामारी के बीच हमारी राजस्थान सरकार ने बखूबी काम किया। प्रदेश के मुख्यमंत्री जी ने और पूरी टीम ने जो संवेदनशीलता के साथ लगातार दिन-रात मेहनत करते हुए विशेष रणनीति तैयार कर प्रदेश के जरूरतमंद लोगों तक राहत प्रदान करने का प्रयास किया वह ऐतिहासिक है। राजस्थान की स्थिति आज और राज्यों के मुकाबले बहुत अच्छी है यहां पर रिकवरी रेट भी और राज्यों के मुकाबले बहुत अच्छे स्तर पर है, हमारे डाॅक्टरों की संवेदनशीलता के चलते भीलवाड़ा मॉडल भी पूरे विश्व में अपनी अलग पहचान बनाने में सफल रहा। प्रदेश की आर्थिक वित्तीय स्थिति संकट में होने के बावजूद जिला प्रशासन स्तर पर किसी भी तरह की कोई समस्या नहीं हुई यह बड़ी खुशी की बात है। बाकी जनहित के मुद्दों को लेकर मैं भी लगातार पत्र के माध्यम से मुख्यमंत्री जी तक अपनी बात पहुंचाता रहूंँगा, मुझे खुशी है कि मेरे पत्रों को गंभीरता से लिया जाता है और उचित समाधान हेतु आगे भेजा जाता है। इसी प्रकार आगे भी हमें बड़ी सजगता के साथ कार्य करने की जरूरत है,
ReplyDeleteमैं मुख्यमंत्री जी और समस्त टीम को अपनी ओर से बधाई और शुभकामनाएँ प्रेषित करता हूँ।
चर्चित कौशिक
अलवर, राजस्थान ।
जननायक श्री अशोक गहलोत जी के निर्णय प्रदेश वासियो के हित मे रहे,वास्तव में राजस्थान सरकार सतर्क है
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